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नवादा से ग्राउंड रिपोर्ट- 4: टाउन थाने का ड्राइवर चलाता है शराब माफियाओं के साथ सिंडिकेट, तबादला हुआ तो कुछ दिन में वापस करा ली पोस्टिंग

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नवादा17 मिनट पहलेलेखक: अमित जायसवाल

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  • पक्ष-विपक्ष के नेताओं के साथ ही गिट्‌टी माफियाओं के साथ है बड़ा गठजोड़
  • तस्करी के सामान लाने वाली गाड़ियों के इंट्री माफिया के बीच भी है गहरी पैठ

नवादा में जहरीली शराब कांड की ग्राउंड रिपोर्टिंग के दौरान भास्कर टीम के हाथ पुलिस के ड्राइवर की ऐसी कारिस्तानी हाथ लगी, जिसे पढ़ने और जानने के बाद आपकी आंखें फटी की फटी रह जाएंगी। आपके होश उड़ जाएंगे। मामला नवादा के टाउन थाने का है। इस थाने में अभिनंदन नाम का एक ड्राइवर है। है तो वह मूल रूप से बिहार होमगार्ड का जवान मगर, पिछले कई सालों से टाउन थाने की गाड़ी चला रहा है। कहने को वह पुलिस का ड्राइवर है, लेकिन उसका कनेक्शन बहुत दूर तक है। जिले में पक्ष-विपक्ष के नेताओं के साथ ही शराब और गिट्‌टी के माफियाओं के साथ उसका बड़ा गठजोड़ है। बिहार-झारखंड के बॉर्डर पर तस्करी के सामान लाने वाली गाड़ियों के इंट्री माफिया के बीच भी उसकी गहरी पैठ है।

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थानेदार के ऊपर भी भारी

हर तरफ अपनी मजबूत पैठ बनाने वाला यह ड्राइवर थानेदार के ऊपर भी कई दफा भारी पड़ चुका है। इसके खिलाफ जल्दी कोई बोलता नहीं है, लेकिन भास्कर टीम के सामने कुछ स्थानीय लोग आए जिन्होंने नाम और पहचान गुप्त रखने की शर्त पर माफियाओं के साथ मिलकर बराबर का सिंडिकेट चलाने वाले पुलिस के ड्राइवर की पोल खोल कर रखी दी। नवादा में देसी-विदेश शराब के अवैध कारोबार में इसका अहम रोल बताया गया है। यह भी जानकारी मिली कि बॉर्डर पार से तस्करी कर लाई जाने वाली शराब की गाड़ियों को पुलिस एस्कॉर्ट में ठिकाने तक पहुंचाया जाता है।

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25 किलोमीटर दूर थाने में हुआ था ट्रांसफर
टाउन थाना के ड्राइवर अभिनंदन का रोल बहुत सारे मामलों में संदिग्ध है। सूत्रों के अनुसार इसकी हरकतों पर वहां के पूर्व SP एस हरिप्रसाथ पूरी नजर रख रहे थे। करीब 6 महीने पहले जैसे ही उनके सामने इसकी पूरी हिस्ट्री आई, वैसे ही उन्होंने इसका ट्रांसफर 25 किलोमीटर दूर काशीचक थाना में कर दिया था। इसके मात्र दो महीने बाद राज्य सरकार ने एस हरिप्रसाथ का ट्रांसफर नवादा से दूसरी जगह कर दिया। उसके अगले दिन ही अपनी पहुंच और पैरवी के जरिए अभिनंदन ने अपनी पोस्टिंग वापस टाउन थाने में करवा लिया। इसके बाद फिर से वह अपने सिंडिकेट को चलाने में जुट गया।

SP ने कहा-सामने आई है कुछ असलियत
इस ड्राइवर की कहानियां बहुत ज्यादा हैं। इसकी मनमानी और दबंगई चरम पर है। थानेदार से ज्यादा वहां इसकी चलती है। स्थानीय लोगों के पास इसके बारे में जानकारियां बहुत हैं, पर डर के मारे वे लोग किसी के सामने कुछ कहते नहीं हैं। ड्राइवर अभिनंदन की कारगुजारियों और शराब माफियाओं से मिलीभगत की बात पर नवादा की वर्तमान SP शायली धूरत से भी बात की गई। उन्होंने भी माना कि जहरीली शराब कांड के बाद उनके सामने ड्राइवर अभिनंदन की कुछ असलियत आई है। उसकी वह जांच करवा रही हैं।

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